भाजपा एवं आरएसएस समर्थित आदिवासी संगठनों पर धर्म कोड समर्थकों ने पलटवार किया है। इन संगठन के नेताओं ने कहा कि यह भाजपा एवं आरएसएस का सोचा-समझा षड़यंत्र है। भाजपा एवं आरएसएस कभी नहीं चाहते हैं कि राष्ट्रीय स्तर पर आदिवासियों को अलग पहचान मिले और धर्म कोड लागू हो। इन संगठनों का यह कहना कि राज्यपाल धर्म कोड प्रस्ताव केंद्र न भेजें, इससे दूसरे धर्म के लोग सरना धर्म में आ जाएंगे, धर्मांतरण होगा, अधिकार छिनेगा, पूरी तरह गलत है। धर्म कोड नहीं होने के कारण बहुत अधिक नुकसान आदिवासियों को रहा है। झारखंड आदिवासी सरना विकास समिति के मेघा उरांव, जनजातीय सुरक्षा समिति के संदीप उरांव, केंद्रीय युवा समाज चला विकास समिति के सोमा उरांव, आरएसएस की कठपुतली हैं। सीएनटी एक्ट आंदोलन में भी इन्होंने रघुवर सरकार का समर्थन किया था। Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today The people of BJP and RSS never want the tribals of the country to get a separate Sarna Adivasi Dharma Code. from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3mt76Mo via IFTTT