भास्कर के ‘सलामती की डोर’ अभियान के तहत कोरोना संक्रमण को रोकने और पॉजिटिव मरीजों को ठीक करने में जुटे कोरोना वॉरियर्स के लिए रविवार को राखियां और मिठाइयां पहुंचाई गईं। भास्कर इस रक्षाबंधन पर 1 हजार कोरोना वॉरियर्स भाई-बहनों को स्नेह, प्यार और अपनापन देने सलामती की डोर नाम से अभियान चलाया है।
इस अभियान में इनरव्हील क्लब की सुनिता बोथरा, रोटरी क्लब की रोटेरियन डॉ. सरिता थॉमस, संजय गांधी वार्ड पार्षद कोमल सेना, ओनली फ्रेंड ग्रुप के रवीस राज परमार, जैन युवा संगठन के शिखर मालू, विवेक जैन, कमलेश सुराना, रितिक, पूजा, पूनम सुराना , सामाजिक कार्यकर्ता अनिल लुंकड़ कोविड हॉस्पिटल, तोकापाल क्वारेंटाइन सेंटर, परपा थाना, बोधघाट थाना, एसडीआरएफ, आड़ावाल स्थित सीआरपीएफ के क्वारेंटाइन सेंटर, महारानी हॉस्पिटल सहित अन्य जगह पहुंचे और राखी व मिठाई का डिब्बा दिया। बोधघाट थाना प्रभारी राजेश मरई ने कहा कि अक्सर लोग पुलिस पर कई आरोप लगाते हैं हमारी जॉब थैंकलैस रही है लेकिन इस रक्षाबंधन पर भास्कर की पहल के बाद जो प्यार और स्नेह मिल रहा है अविश्वसनीय है।
नया अनुभव और अपनेपन का हुआ अहसास
मेकॉज अधीक्षक डॉ. केएल आजाद ने कहा हमारा स्टाफ कोरोना मरीजों के इलाज में जुटा है। कोविड हॉस्पिटल में ड्यूटी के बाद भी इन्हें क्वारेंटाइन रहना पड़ेगा। एक-एक स्टाफ करीब 15 से 20 दिन घर से दूर रहता है। ऐसे में भास्कर टीम की ओर से भेजी गई राखियां और मिठाई एक नया अनुभव और अपनेपन का अहसास करवा रही है।
क्वारेंटाइन सेंटर में भी पहुंचाई गईं राखियां
टाकरागुड़ा स्थित मां कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय के स्थित रेड जोन क्वारेंटाइन सेंटर में 43 प्रवासी मजदूर हैं। यहां सेंटर की देखरेख के लिए डॉक्टर, शिक्षक, रसोइए समेत कुल 11 वॉरियर्स हैं। बस्तर सीएचसी के मेडिकल ऑफिसर डॉ. छवि नेताम 130 दिन से लगातार ड्यूटी कर रहे हैं। वे दुर्ग जिले के जुनवानी, भिलाई के रहने वाले हैं। उनकी बहन पुष्पा नेताम से भी भास्कर ने मोबाइल पर बात की, उन्होंने भास्कर का धन्यवाद किया।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/314Wnyc
via
Comments
Post a Comment