राजस्थान कोटा से पहुंची छात्रा के कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद से नगर में पूरी तरह सन्नाटा पसरा है। 5 दिन से पूर्णता लॉकडाउन है। दूध एवं दवाई को छोड़कर सब्जी से लेकर राशन, गैस आदि सभी जरूरी सामानों की दुकानें पूर्णता बंद हैं और सभी लोग दिन-रात घरों में कैद हैं और गलियों में पुलिस और इनके जूतों की आवाज ही सुनाई दे रही है।
यह राजिम के इतिहास में शायद पहली बार है, जब इतने लंबे समय तक पूरा शहर बंद है और कब तक बंद रहेगा, यह कोई नहीं बता रहा है। सबसे ज्यादा दिक्कत उन लोगों को है, जो मजदूर और गरीब तबके के हैं और रोड कड़ी मेहनत कर चार पैसे कमाते हैं और शाम को जरूरत का सामान खरीदी कर अपना और परिवार का भरण पोषण करते हैं। ऐसा लग रहा है कि मानो एक कोरोना ने हजारों लोगों की जिंदगी की रफ्तार रोक ली है।
दो दिन में 60 के स्वाब सैंपल लिए: बीएमओडॉ. वाईके. हीरोदिया ने बताया कि सीएचसी में मंगलवार को 19 लोगों का स्वाब सैंपल लिया गया है। इस तरह 2 दिन में 60 लोगों का सैंपल लेकर रायपुर भेजा गया है। वहीं इनके संपर्क में आने वाले और लोगों की जानकारी ली जा रही है। नपं सीएमओ चंदन मानकर ने बताया कि वार्ड-1 के पूरे मोहल्ले की मुख्य गलियों में बेरिकेडिंग की गई है और कड़ी चौकसी की जा रही है कि कोई घरों से बाहर नहीं निकले। सभी लोगों को घरों में पहुंचकर स्वास्थ्य कर्मचारी और मितानिन सर्वे कर जांच कर रहे हैं।
एहतियातन प्रमुख मंदिरों के पट बंद किए गए
श्री राजीव लोचन मंदिर के सर्वराकार भूषण सिंह ठाकुर ने बताया कि कोरोना मरीज मिलने के बाद सोमवार को राजीव लोचन मंदिर के गर्भगृह के अंदर पहुंचने के दोनों पटों से केवल पुजारी ही जा सकेंगे। दर्शनार्थी बाहर से भगवान के दर्शन करेंगे। यह वर्तमान में सुरक्षा की दृष्टि से किया गया है। संगम नदी के मध्य स्थित श्री कुलेश्वर महादेव मंदिर अौर बाबा गरीब नाथ महादेव मंदिर का भी पट बंदकर दिया गया है।
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