कलश स्थापना के साथ बुधवार को चैत्र नवरात्र शुरू हो गया। मंदिरों के साथ-साथ लोगों के घरों में कलश स्थापित कर मां दुर्गा की आराधना शुरू की। पहले दिन माता के शैल पुत्री और ब्रह्मचारिणी स्वरूपाें की पूजा की गई। लोगों ने घट की स्थापना की अाैर पूरे विधि-विधान से मां दुर्गा की पूजा की। इस बार का चैत्र नवरात्र पूरे 9 दिनों का है। इसलिए हर दिन माता के अलग-अलग 9 स्वरूपों की पूजा-अर्चना की जाएगी। कोरोना वायरस के प्रसार की वजह से लाॅक डाउन का असर चैती दुर्गा पूजा पर भी दिखा। जिन मंदिराें में माता के दर्शन अाैर पूजन के लिए हर साल भक्ताें की भारी भीड़ जुटती थी, वहां इस बार श्रद्धालु पहुंच ही नहीं सके। पुजारियाें ने मंिदर कमेटी के एक-दाे सदस्याें की माैजूदगी में पूजा-अर्चना की। शाम में अारती भी इसी तरह की गई। जाेड़ाफाटक राेड स्थित शक्ति मंदिर, हीरापुर के हरि मंदिर, स्टेडियम राेड के खड़ेश्वरी मंदिर, कतरास के लिलाेरी मंदिर समेत तमाम दुर्गास्थानाें में एेसा ही दृश्य रहा। दूसरी अाेर, घराें में पूजा करनेवालाें काे भी परेशानी का सामना करना पड़ा। पूजन सामग्री, फल अादि के इंतजाम में उन्हें दिक्कत हुई। इनके लिए अधिक राशि भी खर्च करनी पड़ी।
28 से चैती छठ का अनुष्ठान
चैत्र नवरात्र की तरह ही हमारे समाज में चैती छठ का भी विशेष महत्व है। इसका चार दिवसीय अनुष्ठान 28 मार्च से शुरू हो रहा है। 28 मार्च को नहाय-खाय, 29 मार्च को खरना मनाया जाएगा और 30 मार्च को भगवान भास्कर काे संध्या अर्घ्य दिया जाएगा। 31 मार्च को उदीयमान भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पित करने के साथ ही यह अनुष्ठान पूरा होगा।
रामनवमी 2 अप्रैल काे
नवरात्र के नाैवें दिन दो अप्रैल को रामनवमी का त्योहार भी मनाया जाएगा। हालांकि, लॉक डाउन के दाैरान शहर में रामनवमी का अखाड़ा निकलेगा या नहीं, अभी स्पष्ट नहीं है।
झरिया व लोयाबाद में भी कलश स्थापना
शक्ति मंदिर में चैत्र प्रतिपदा पर हुई भारत माता की आरती
कतरास|आम दिनों चैती दुर्गा के नवरात्र के मौके पर भक्तों व पूजा करने वालों से गुलजार रहने वाला मां लिलौरी मंदिर में बुधवार को लॉक डाउन का असर दिखा। मंदिर परिसर में पूरी तरह से सन्नाटा पसरा हुआ था। नौ दिनों तक चलने वाला नवरात्र पाठ इस वर्ष लिलौरी मंदिर परिसर में शुरू नहीं पाया।
लिलौरी स्थान में भी शुरू हुई पूजा-अर्चना
चैत्र नवरात्र के पहले दिन शहर के खड़ेश्वरी मंदिर में श्रद्धालुओं के बगैर कलश स्थापना करते पुजारी।
चिरागोरा के एक घर में कलश स्थापना कर माता दुर्गा की आराधना करता परिवार।
चैत्र नवरात्र के पहले दिन माता दुर्गा की आरती करते पुजारी और इसमें शामिल प्रबंध समिति के सदस्य।
लोयाबाद में घर पर कलश स्थापना करते भक्त।
झरिया/लोयाबाद|झरिया और लोयाबाद में चैत्र नवरात्र की पूजा कोरोना वायरस के प्रकोप के साए में शुरू हुई। बुधवार को मंदिरों और घरों में कलश स्थापना की गई। भक्तों ने पूजा के दौरान माता रानी से कोरोना वायरस महामारी से बचाने की कामना की है। लोयाबाद में पंडित शंकर उपाध्याय ने करीब ढाई घंटे के चंडीपाठ के बाद इस जान लेवा वायरस से निजात के लिए माता रानी से आशीर्वाद मांगा। झरिया के मां मंगला चंडी काली मंदिर, सत्य नारायण मंदिर में पूजा-अर्चना की गई।
_photocaption_धनबाद | नए संवत के शुरू हाेने के अवसर पर बुधवार काे शक्ति मंदिर में भारत माता की आरती का आयोजन किया गया। संध्या 6 बजे मंदिर के पुरोहित ने मां दुर्गा की विधिवत पूजा-अर्चना के बाद भारत माता की आरती की। लॉक डाउन का असर यहां भी देखने को मिला। चैत्र प्रतिपदा पर पुरोहित के अलावा मंदिर कमेटी के एक-दो लोग ही भारत माता की आरती में शामिल हुए।*photocaption*
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2xowcrm
via IFTTT
Comments
Post a Comment